ख़्वाब से तू जाग आया,इस कदर तू भाग आया गजलर
ख़्वाब से तू जाग आया
इस कदर तू भाग आया
सोचता था जान दे दू
मुफलिसी में मांग आया
ज़िन्दगी घर मौत का है
मोह को सब त्याग आया
सोच कर खामोश हूं मै
ना बदन पर दाग आया
मै अधूरा गा रहा था
ज़िन्दगी क्यों राग आया
Suraj Tiwari
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